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क्षमा

अपने को क्षमा कीजिये। जो हुआ उसके लिए खुद को क्षमा करें। आपके द्वारा की गई गलतियों के लिए। जिस तरह से आपको जरूरत थी, उस तरह से नहीं दिखाने के लिए। वह व्यक्ति नहीं होने के कारण जो आप बनना चाहते थे। आप इंसान हो। आपने उस पल में सबसे अच्छा किया जो आप जानते थे और जो आपके पास था, और वह सब आप अपने आप से पूछ सकते हैं। आप अभी भी सीख रहे हैं। आप अभी भी अपना रास्ता खोज रहे हैं। और इसमें समय लगता है। आपको खुद को वह समय देने की अनुमति है। और आपको अपूर्ण रूप से दुनिया में दिखने की अनुमति है। आपको उन चीजों में विफल होने की अनुमति है जिनके लिए आपने कड़ी मेहनत की थी। आपको यह महसूस करने की अनुमति है कि आपने गलत निर्णय लिया है। आपको कोई ऐसा व्यक्ति बनने की अनुमति है जो अभी भी अपना रास्ता और अपना उद्देश्य समझ रहा है। और आपको स्वयं को क्षमा करने की अनुमति है। आप वापस नहीं जा सकते हैं और अपने द्वारा लिए गए निर्णयों को बदल सकते हैं, लेकिन आप यह चुन सकते हैं कि आप आज क्या करते हैं। आप बार-बार चुनना जारी रख सकते हैं। आप फिर से शुरू कर सकते हैं। और वहीं आपकी शक्ति है। आज में। तो अब अपने आप को मत मारो। अपने दिमा...

अहंकार

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हम गहराई से आत्म-विश्लेषण करें कि कहीं ऐसा किसी प्रकार का अहंकारी व्यक्तित्व हमारे भीतर तो उत्पन्न नहीं हो रहा है। यदि कहीं ये झाड़-झंकार नजर आए तो तुरन्त सफाई करें अन्यथा धीरे-धीरे यह हमारे पूरी व्यक्तित्व पर छा जाएगा और हमें घोर नरक में धकेल देगा। याद रखिए की अहंकारी व्यक्ति के मुख्य रूप से पाॅंच लक्ष्ण होते हैं।👇   1. दूसरों की छोटी-छोटी गलतियों पर भड़कता है व अपने बड़े-बड़े दोषों को भी स्वीकार नहीं करता। 2. महत्त्वपूर्ण पदों पर लम्बे समय तक बने रहता है। अपने से योग्य व्यक्तियों को उभरते देख परेशान हो उठता है। कभी अपने साथियों को नेतृत्व नहीं करने देता। 3. सदा विफलताओं का ठीकरा दूसरों के सिर फोड़ता है व सफलताओं का श्रेय स्वयं लेता है। 4. अपने समीप प्रशंसक व चापलूस रखना पसन्द करता है व जो उसको सचेत करे उसको लात मारने में भी संकोच नहीं करता। 5.ऐसे लोगों को छपास नमक बीमार होती है और ये जगह-जगह अपने नाम व फोटो छपवाना पसन्द करते है जातिवाद,भाई-भतिजावाद, अंधविस्वास, परिवारवाद,देववाद को बढ़ावा देता है। सदैव अपने चापलूसों से घिरे रहना पसन्द करता है और हमेशा वह सिर्फ अपने चापलूसों को ही...